भिवानी। जिले में एचआईवी संक्रमित मरीजों की संख्या हर साल बढ़ती जा रही है। स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार अप्रैल से दिसंबर तक जिले में 138 एचआईवी पॉजिटिव मरीज सामने आ चुके हैं। इनमें से पांच मरीज सूई से फैले संक्रमण से प्रभावित पाए गए हैं। एचआईवी संक्रमितों की बढ़ती संख्या ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है क्योंकि यह संक्रमण असुरक्षित यौन संबंधों के साथ-साथ संक्रमित इंजेक्शन की सूई से भी फैल सकता है।
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि पश्चिमी सभ्यता की अंधाधुंध चकाचौंध में फंसकर युवा पीढ़ी भी एचआईवी की चपेट में आ रही है। आधुनिक जीवनशैली के नाम पर संस्कारों को भुलाकर अनैतिकता की ओर बढ़ना युवाओं को एचआईवी जैसी गंभीर बीमारी की ओर धकेल रहा है। इसी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा लोगों को जागरूक करने के लिए समय-समय पर विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
एचआईवी विभाग प्रभारी डॉ. विकास ने बताया कि एड्स कई कारणों से फैल सकता है। इनमें मुख्य रूप से असुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित सुई का उपयोग और संक्रमित रक्त का आदान-प्रदान शामिल है। उन्होंने कहा कि समय पर जागरूकता, शिक्षा, एचआईवी परीक्षण, स्वच्छ सुई का उपयोग और सुरक्षित यौन संबंध अपनाकर इस बीमारी से बचाव संभव है। उन्होंने बताया कि फिलहाल जिले में 138 संक्रमित मरीज हैं और सभी का नियमित इलाज चल रहा है। जिले में आईसीटीसी केंद्र, एफआईसीटीसी केंद्र और एआरटी केंद्र स्थापित हैं जहां जांच से लेकर उपचार तक की पूरी सुविधा उपलब्ध है।
ये हैं एचआईवी के लक्षण

















