शहर में 100 और गांव में 200 वर्गगज से अधिक भूमि पर BPL कार्ड होगा रद्द

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भिवानी। अब शहरी दायरे में 100 वर्ग गज और ग्रामीण क्षेत्र में 200 वर्गगज में किसी पात्र ने भूमि और मकान की ऑनलाइन रजिस्ट्री कराई तो बीपीएल राशन कार्ड कट जाएगा। नई गाइडलाइन के हिसाब से मानव सूचना एवं संसाधन विभाग (क्रीड) मुख्यालय ने राजस्व विभाग से ऑनलाइन भूमि रजिस्ट्री से जुड़ा डाटा एकत्रित किया है। इसके बाद बीपीएल परिवारों पर एक बार फिर कैंची शुरू हो गई है। हालांकि पिछले साल बिजली बिल अधिक और छह माह तक राशन नहीं लेने वाले बीपीएल परिवारों के राशन कार्ड काटे गए थे। हालांकि दिसंबर 2025 से जनवरी 2026 में जिला वार बीपीएल परिवारों की संख्या भी घट बढ़ रही है। ऑनलाइन भूमि रजिस्ट्री कराने वाले बीपीएल परिवारों की पोर्टल स्वत: ढाई लाख सालाना आमदनी दर्शा रहा है।

अकेले भिवानी जिला में दिसंबर से जनवरी तक 35 बीपीएल परिवारों पर कैंची चली है। हालांकि अभी तक ऑनलाइन भूमि रजिस्ट्री से जुड़ा रिकार्ड विभाग को ट्रांसफर नहीं हुआ है। जिसके बाद बीपीएल सूची से बाहर होने वालों की संख्या और अधिक बढ़ेगी। दिसंबर से जनवरी तक जींद जिले में सबसे अधिक 59 बीपीएल परिवार बढ़े हैं। अब क्रीड विभाग राजस्व विभाग से शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में ऑनलाइन भूमि रजिस्ट्री का डाटा जुटा रहा है। इस डाटा में बीपीएल परिवारों की भी छंटनी का काम चल रहा है। ऑनलाइन भूमि की खरीद और बिक्री करने वाले दोनों ही बीपीएल परिवार इस दायरे में आएंगे। क्रीड अब बीपीएल परिवारों का डाटा अपडेट करने के बाद संबंधित सरकारी विभागों से भी साझा कर जानकारी संग्रह कर रहा है। ऐसे परिवारों की सूची भी तैयार हो रही है जो संबंधित सरकारी योजनाओं के लाभ से जुड़ चुके हैं। ऐसे परिवारों की सालाना आमदनी योजना के लाभ से बढ़ी है तो वे भी स्वत: बीपीएल सूची से बाहर हो रहे हैं।

क्रीड जिला मुख्यालय पर पहुंच रही हैं रोजाना ढाई सौ से तीन सौ शिकायतें

मानव सूचना एवं संसाधन विभाग यानी क्रीड जिला मुख्यालय कार्यालय में रोजाना ही परिवार पहचान पत्र से जुड़ी खासकर आमदनी से जुड़ी ढाई सौ से तीन सौ शिकायतें पहुंच रही हैं। सेक्टर अफसरों के माध्यम से इन परिवारों की आमदनी की फिजिकल वेरिफिकेशन का काम भी चल रहा है। हालांकि अधिकांश परिवारों की आमदनी परिवार सदस्यों के अपडेट होने के बाद ही बढ़ी हैं। जबकि कई बीपीएल परिवार भी अपना राशन कार्ड कटने के बाद अपनी शिकायतें लेकर पहुंच रहे हैं।

मानव सूचना एवं संसाधन विभाग मुख्यालय राजस्व विभाग से भूमि की ऑनलाइन रजिस्ट्री से जुड़ा रिकाॅर्ड खंगाल रहा है। जिसमें हाल ही में किसी बीपीएल परिवार ने अगर शहरी दायरे में 100 वर्गगज और ग्रामीण क्षेत्र में 200 वर्गगज की भूमि या मकान की ऑनलाइन रजिस्ट्री कराई है तो उसका सूची से नाम हटा दिया जाएगा। राजस्व विभाग में अब पेपरलेस भूमि रजिस्ट्री कराई जा रही है। ऑनलाइन डाटा स्वत: क्रीड विभाग के पास अब अपडेट होता रहेगा, जिससे बीपीएल परिवारों की संख्या भी उसी अनुरूप घटती-बढ़ती रहेगी।

जिले का नाम: दिसंबर में बीपीएल कार्ड- जनवरी में बीपीएल कार्ड- अंतर

1. अंबाला- 169014- 169023- 9 बढ़े

2. भिवानी- 204573- 204538- 35 घटे

3. चरखी दादरी- 76649- 76649- कोई अंतर नहीं

4. फरीदाबाद- 264739- 264735- 4 घटे

5. फतेहाबाद- 168953- 168900- 53 घटे

6. गुरुग्राम- 122911- 122927- 16 बढ़े

7. हिसार- 295065- 295084- 19 बढ़े

8. झज्जर- 132135- 132106- 29 घटे

9. जींद- 229983- 230042- 59 बढ़े

10. कैथल- 187913- 187900- 13 घटे

11. करनाल- 257754- 257751- 3 घटे

12. कुरुक्षेत्र- 157064- 157024- 40 घटे

13. महेंद्रगढ़- 145628- 145624- 4 घटे

14. मेवात- 230561- 230536- 25 घटे

15. पलवल- 204278- 204270- 8 घटे

16. पंचकूला- 70889- 70882- 7 घटे

17. पानीपत- 208139- 208138- एक घटा

18. रेवाड़ी- 131936- 131928- 8 घटे

19. रोहतक- 151399- 151374- 25 घटे

20. सिरसा- 224917- 224921- 4 बढ़े

21. सोनीपत- 213382- 213408- 26 बढ़े

22. यमुनानगर- 221216- 221198- 18 घटे

कुल: 4069098- 4068958—-