चंडीगढ। हरियाणा के सहकारिता, कारागार, निर्वाचन, विरासत व पर्यटन मंत्री डाॅ अरविंद शर्मा ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते 11 सालों में राजनीति के मायने बदलते हुए एक करोड युवाओं को राजनीति में लाने का विचार दिया है, ताकि हमारे क्षमतावान युवा देश को सशक्त और वर्ष 2047 तक विकसित बनाने के संकल्प में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।
उन्होंने कहा कि एबीवीपी द्वारा राष्ट्रव्यापी स्क्रीन टाइम टू एक्टिविटी टाइम के अभियान के तहत पंजाब युनिवर्सिटी चंडीगढ से स्क्रीन टाइम टू स्पोर्ट्स टाइम की मुहिम चंडीगढ ही नहीं, अपितु हरियाणा और पंजाब में युवाओं में बदलाव लाने का माध्यम बनेगी।
बुधवार को पंजाब युनिवर्सिटी, चंडीगढ में एबीवीपी द्वारा आयोजित पीयू ओलंपिक्स खेलों का शुभारंभ करते हुए हरियाणा के सहकारिता मंत्री डाॅ अरविंद शर्मा ने युवाओं से संवाद करते हुए कहा कि भारत में खेलों को जो नई दिशा और पहचान मिली है, उसके पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का दूरदर्शी नेतृत्व है, क्योंकि उन्होंने खेलों को केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का माध्यम माना है।
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में फिट इंडिया मूवमेंट, खेलो इंडिया, ओलंपिक और पैरालंपिक खिलाड़ियों को मिलने वाला प्रोत्साहन जैसे उदाहरण इस बात का प्रमाण हैं कि आज केंद्र सरकार खेलों को विकसित भारत की नीति के केंद्र में रख रही है। वो खुद खिलाड़ियों से संवाद करते हैं और उनका मनोबल बढ़ाते हैं।
कैबिनेट मंत्री डाॅ अरविंद शर्मा नेे एबीवीपी के स्क्रीन टाइम टू स्पोर्ट्स टाइम मुहिम की सराहना करते हुए कहा कि सशक्त युवा, सशक्त राष्ट्र की भावना के साथ एबीवीपी के दशकों के प्रयास, मेहनत, करोडों युवाओं के सपनों के प्रहरी के तौर जिम्मेदारी भरे प्रयास किसी से छुपे नहीं है।
एबीवीपी महज संगठन नहीं है। एबीवीपी युवा आंदोलन है। एक सप्ताह तक चलने वाले पीयू ओलंपिक्स महज खेलों का उत्सव नहीं है, बल्कि यह युवा भारत के चरित्र, अनुशासन और नेतृत्व क्षमता का उत्सव है।
आज मोबाइल हमारी जेब में है, लेकिन खेल का मैदान हमारे जीवन से बाहर होता जा रहा है। जब मोबाइल आपका मालिक बन जाए, तो समझ लीजिए-खतरा शुरू हो गया। गैजेट्स अब हमारी जीवनशैली को सुविधाजनक बनाने के साथ-साथ एक गंभीर चुनौती खडी कर रहे हैं। पीयू ओलंपिक्स का उद्देश्य स्क्रीन टाइम से स्पोर्ट्स टाइम निर्धारित किया गया है, जो वर्तमान समय का सबसे सार्थक और दूरदर्शी संदेश है।
पर्यटन मंत्री डाॅ अरविंद शर्मा ने कहा कि खेल मैदान वह स्थान है, जहां शरीर मजबूत होता है, मन संतुलित रहता है और व्यक्तित्व निखरता है। स्क्रीन हमें दुनिया दिखाती है, लेकिन खेल मैदान हमें खुद को पहचानने का अवसर देता है। आज के समय की मांग यह है कि हमारे युवा मोबाइल की स्क्रीन से नजर हटाकर खेल के मैदान की मिट्टी को महसूस करें। पसीने की बूंदों को सम्मान दें और हार-जीत दोनों को जीवन का हिस्सा मानना सीखें।
उन्होंने हरियाणा का उदाहरण देते हुए कहा कि आज हरियाणा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में खिलाडियों का प्रदेश बन रहा है। हरियाणा को आज देश ही नहीं, बल्कि दुनिया स्पोर्ट्स पावर हाउस के रूप में जानती है। वर्ष 2014 से अब तक भाजपा सरकार ने 16 हजार 418 खिलाडियों को 683 करोड रूपए नकद पुरस्कार के तौर पर दिए जा चुके हैं। वहीं 231 खिलाडियों को उनकी शिक्षा के अनुरूप सरकारी नौकरी दी गई है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व की हरियाणा सरकार की नीति खिलाड़ी को सम्मान, सुरक्षा और सुनहरा भविष्य देने की है। इस अवसर पर एबीवीपी के राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री देवदत्त जोशी, छात्र कल्याण डीन डाॅ अमित चौहान, एबीवीपी राष्ट्रीय मंत्री आदित्य तकियार, एबीवीपी पंजाब प्रदेशाध्यक्ष डाॅ प्रशांत गौतम, क्षेत्रीय संगठन मंत्री गौरव अत्री, प्रदेश मंत्री जसकरण भुल्लर, प्रदेश संगठन मंत्री शमशेर सिंह चौहान, पंजाब विश्वविद्यालय छात्रसंघ अध्यक्ष गौरववीर सोहल, खेलो भारत संयोजक अर्पिता मलिक आदि उपस्थित रहे।



























