चंडीगढ़ स्थित हरियाणा निवास में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हाई पॉवर पर्चेज कमेटी की बैठक हुई है। बैठक में कैबिनेट मंत्री अरविंद शर्मा, महीपाल ढांडा, श्रुति चौधरी सहित अन्य मंत्री मौजूद रहे। बैठक के बाद दोपहर बाद मुख्यमंत्री नायब सैनी हरियाणा निवास में प्रेस वार्ता की और बैठक में हुई चर्चा को लेकर जानकारी साझा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जी राम जी योजना का दुष्प्रचार किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने मनरेगा में बहुत सुधार किया है। 30 दिसंबर को पंजाब विधानसभा में प्रस्ताव पारित किया गया, जिसमें उन्होंने कोई आंकड़ा नहीं दिया और न ही कोई तथ्य था। झूठ अब नहीं चलेगा, लोग इनके झूठ को समझ चुके हैं। ये विषय देश के करोड़ों श्रमिकों, किसानों और मेहनतकश परिवारों से जुड़ा हुआ है। देश के प्रधानमंत्री ने श्रमिकों और गांव के विकास के लिए विकसित भारत जी राम जी शुरू किया है। इस योजना ने पुरानी पड़ चुकी मनरेगा का स्थान लिया है। 20 वर्ष पहले मनरेगा को शुरू किया गया था। मनरेगा में समय-समय पर बदलाव हुए हैं। मनरेगा में श्रमिक को काम नहीं मिलता था बल्कि मशीनों से काम करवाते थे। इस योजना में कई कमियां देखने को मिली।
सीएम नायब सैनी ने कहा कि आज गरीबी 5 % से भी नीचे आ चुकी है। इससे पता चलता है कि हमारी सकारात्मक नीतियों से 20% से अधिक लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं। 2013 की CAG की रिपोर्ट में स्पष्टत होता है कि यूपीए की सरकार के समय में योजनाओं में हेराफेरी की गई है। केंद्र में यूपीए सरकार के दौरान मनरेगा एक ऐसी योजना बनकर रह गई थी जिसका उद्देश्य खड्डा खोदना और उसको भरना था। मनरेगा योजना भ्रष्टाचार में लिप्त दिखाने का साधन बन गई थी। इसमें लोगों को लाभ नहीं पहुंच पा रहा था।
पंजाब में मजदूरों से मिली शिकायतें
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में जब केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान गए तो वहां उन्हें मनरेगा के मजदूर मिले और उन्होंने शिकायत की कि उन्हें काम नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि सारा पैसा ठेकेदार हड़प रहे हैं। सड़कों के नाम पर और नहरों की सफाई के नाम पर भ्रष्टाचार हो रहा है। 12 हजार 304 ग्राम पंचायतों में से 5 हजार के करीब ग्राम पंचायतों में सोशल ऑडिट में 10 हजार 663 वित्तीय गबन के मामले सामने आए हैं। विधानसभा में प्रस्ताव पारित कर दिया, लेकिन ग्राउंड जीरो पर नहीं देखा। जो पैसा मजदूरों को जाना चाहिए था वो पैसा इन्होंने अपनी जेब में भरा। मनरेगा में कोई निगरानी तंत्र नहीं था। न मजदूर काम कर पा रहा था और न ही उसे काम मिल रहा था। मजदूरों को मिलने वाली मजदूरी भी इनके द्वारा छीन ली गई।
आम आदमी पार्टी और कांग्रेस बुआ-फूफड़
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पंजाब की आम आदमी पार्टी की सरकार और कांग्रेस पर तंज करसे हुए दोनों दलों को बुआ-फूफड़ बताया। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी भ्रष्टाचार में लिप्त है। सुधार के लिए तो वे सेशन बुला सकते हैं लेकिन इन्होंने राजनीति करने के लिए सेशन बुलाया। कांग्रेस के समय से भी ज्यादा भ्रष्टाचार आम आदमी पार्टी की सरकार में हो रहा है। हमने रोजगार की गारंटी को 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन की है।

















