भिवानी। हरियाणा गोसेवा आयोग के अध्यक्ष श्रवण कुमार गर्ग ने कहा कि गांवों में खाली पड़ी पंचायत भूमि पर गोशालाओं का विस्तार किया जाएगा और नई गोशालाएं भी बनाई जाएंगी। सरकार द्वारा गोशालाओं को भरपूर आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है इसलिए गोशाला संचालक अधिक से अधिक बेसहारा गायों और नंदी को गोशालाओं में आसरा दें। बेसहारा गोवंश के कारण सड़कों पर किसी की जान नहीं जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि गोवंश की रक्षा करना हमारा परम धर्म है। गाय में सभी देवताओं का वास माना जाता है और उसे मां का स्वरूप माना जाता है।
गोसेवा आयोग के चेयरमैन शुक्रवार को लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए सभागार में गोशालाओं और नंदीशालाओं के प्रबंधकों तथा अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दे रहे थे। उन्होंने बताया कि जिले की 44 गोशालाओं में से 42 गोशालाओं को पिछले वर्ष करीब तीन करोड़ 90 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की गई थी। इस वर्ष इससे अधिक सहायता राशि दी जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार गोवंश को बचाने के लिए प्रतिबद्ध है। जहां-जहां पंचायती भूमि उपलब्ध है, वहां गोशालाओं के विस्तार और गो-अभयारण्य केंद्र बनाने की योजना है। पंचायत के पास जमीन हो तो वे गो-अभयारण्य केंद्र बनवा सकते हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश में फिलहाल लगभग 694 गोशालाएं हैं, जिनमें करीब चार लाख गोवंश संरक्षण में है।
गोशालाओं से ऑफ-ग्रिड सोलर प्लांट के लिए मांगे आवेदन
गर्ग ने कहा कि गोशालाओं से ऑफ-ग्रिड सोलर प्लांट लगाने के लिए आवेदन मांगे गए हैं जिससे बिजली बिल का बोझ कम होगा। साथ ही गोशालाओं में दो रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली उपलब्ध करवाई गई है जिससे उन्हें बड़ी राहत मिली है। उन्होंने बताया कि गोशालाओं के लिए जमीन खरीदने पर किसी प्रकार का रजिस्ट्री खर्च और प्रॉपर्टी टैक्स नहीं लगता। गोशालाओं को मनरेगा से भी जोड़ा गया है। एक हजार गायों पर एक ई-रिक्शा तथा एक हजार से अधिक गायों पर दो ई-रिक्शा उपलब्ध कराई जा रही हैं।
जिले की 44 गोशालाओं में 22,537 गोवंश
डीएमसी गुलजार मलिक और ईओ एमसी राजाराम ने शहरी क्षेत्रों में बेसहारा गायों व नंदी को आसरा देने की स्थिति के बारे में विस्तृत जानकारी दी। पशुपालन विभाग के एसडीओ प्रदीप कुमार ने बताया कि जिले की 44 गोशालाओं में 22 हजार 537 गोवंश है। उन्होंने कहा कि पशुपालन विभाग द्वारा गोवंश का समय पर टीकाकरण किया जाता है। बैठक में जिलेभर के गौशाला संचालक मौजूद रहे। बैठक में पहुंचने से पहले हरियाणा गौ सेवा आयोग के चेयरमैन ने गांव नीमड़ीवाली स्थित गौशाला का निरीक्षण किया और वहां की व्यवस्थाओं को परखा।

















