ग्रामीण इलाके के निजी स्कूल नहीं मान रहे छुट्टियां, शीतकालीन अवकाश में जारी कक्षाएं

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भिवानी। शीतकालीन अवकाश के दौरान स्कूल बंद रखने के शिक्षा विभाग के आदेशों के बावजूद ग्रामीण क्षेत्रों में निजी स्कूल धड़ल्ले से खुल रहे हैं। एक से 15 जनवरी तक राजकीय और निजी स्कूलों में शीतकालीन अवकाश घोषित होने के बावजूद निजी स्कूल संचालक विद्यार्थियों को स्कूल बुलाकर कक्षाएं लगा रहे हैं जबकि राजकीय स्कूल पूरी तरह बंद हैं।

शिक्षा विभाग द्वारा जारी आदेशों के अनुसार एक से 15 जनवरी तक राजकीय और निजी स्कूलों में शीतकालीन अवकाश रहेगा जिसमें विद्यार्थियों को केवल प्रायोगिक परीक्षाओं के लिए ही स्कूल बुलाने की अनुमति है। इसके बावजूद निजी स्कूल संचालक विभागीय आदेशों को नजरअंदाज करते हुए एक जनवरी से लगातार स्कूल खोलकर विद्यार्थियों की नियमित कक्षाएं चला रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि अब तक शिक्षा विभाग के अधिकारियों द्वारा किसी भी स्कूल का निरीक्षण नहीं किया गया है। ऐसे में ठंड के मौसम में बच्चों को स्कूल जाना पड़ रहा है जबकि विभाग की ओर से स्पष्ट आदेश हैं कि अवकाश के दौरान केवल प्रायोगिक परीक्षाओं के लिए ही बच्चों को बुलाया जा सकता है।

निजी स्कूल अतिरिक्त कक्षाओं की आड़ में बुला रहे हैं बच्चों को स्कूल

ग्रामीण क्षेत्रों में कई निजी स्कूल अतिरिक्त कक्षाओं के नाम पर सभी कक्षाओं के विद्यार्थियों को स्कूल में बुला रहे हैं। शिक्षा विभाग की ओर से कार्रवाई न होने के कारण निजी स्कूलों के हौसले बढ़ते जा रहे हैं। ठंड के मौसम में बच्चों को स्कूल बुलाए जाने को लेकर अभिभावकों में भी रोष व्याप्त है।

शीतकालीन अवकाश के दौरान कोई भी निजी स्कूल संचालक विद्यार्थियों की नियमित कक्षाएं नहीं लगा सकता। इस अवधि में केवल प्रायोगिक परीक्षाओं के लिए ही बच्चों को स्कूल बुलाने की अनुमति है। यदि किसी निजी स्कूल में आदेशों के विपरीत कक्षाएं लगाई जाती हैं तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।