चंडीगढ़ : हरियाणा सरकार ने राज्य में होने वाले विकास कार्यों में तेज़ी लाने के लिए एक हाई लेवल मॉनिटरिंग कमेटी का गठन किया है. हर दो हफ्ते में कमेटी विकास कार्यों का रिव्यू करेगी जिससे उम्मीद की जा रही है कि हरियाणा में अब ज्यादा तेज़ी से डेवलपमेंट हो पाएगा.
हाई लेवल मॉनिटरिंग कमेटी : सोमवार को जारी एक ऑफिशियल आदेश के अनुसार, हरियाणा सरकार ने डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स में तेज़ी लाने और समय पर काम पूरा करने के लिए एक हाई-लेवल मॉनिटरिंग कमेटी बनाई है. ये कमेटी हर दो हफ़्ते में प्रोजेक्ट्स की प्रोग्रेस का रिव्यू करेगी, जबकि हर महीने दो बार ओवरऑल रिव्यू मुख्यमंत्री लेवल पर भी होगा. चीफ सेक्रेटरी अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी आदेश के मुताबिक इस पहल का मकसद पूरे राज्य में डेवलपमेंट के कामों में एफिशिएंसी, जवाबदेही और समय पर डिलीवरी में सुधार करना है.
अप्रूवल में देरी की जांच करेगा : इस कमेटी में मुख्यमंत्री के एडिशनल प्रिंसिपल सेक्रेटरी साकेत कुमार, मुख्यमंत्री के स्पेशल ड्यूटी ऑफिसर नरेंद्र पाल मलिक और मुख्यमंत्री के सीनियर कंसल्टेंट करण अहलावत शामिल हैं. वहीं, चीफ इंजीनियर (पब्लिक हेल्थ) राजीव बटिश टेक्निकल सपोर्ट देंगे. ये पैनल एडमिनिस्ट्रेटिव अप्रूवल से लेकर काम सौंपने तक कि टाइमलाइन की निगरानी करेगा, अप्रूवल में देरी की जांच करेगा, और काम सौंपने और प्रोजेक्ट शुरू होने के बीच लगने वाले समय का रिव्यू करेगा, जिसमें ज़रूरी क्लीयरेंस भी शामिल हैं.
प्रिंसिपल सेक्रेटरी को प्रोग्रेस रिपोर्ट सौंपेगी : ये प्रोजेक्ट पूरा होने का भी रिव्यू करेगा, देरी और लागत बढ़ने के कारणों की पहचान करेगा, नए अप्रूवल के बाद बदली हुई टाइमलाइन की जांच करेगा, तय शेड्यूल के अंदर काम पूरा होना सुनिश्चित करेगा और बनाई गई संपत्तियों के रखरखाव की निगरानी करेगा. ये कमेटी मुख्यमंत्री के प्रिंसिपल सेक्रेटरी को हर महीने प्रोग्रेस रिपोर्ट सौंपेगी.

















